*ग़ज़ल -आशा देशमुख*
*बहरे मज़ारिअ मुसमन अखरब मकफूफ़ मकफूफ़ महजूफ़*
मफ़ऊल फ़ाइलात मुफ़ाईलु फ़ाइलुन
221 2121 1221 212
हिप्पी चुंदी कटाय हे ककवा बड़े बड़े।
नानुक छेदाय कान ह खिनवा बड़े बड़े।
कारी अँधेरी रात म जंगल चुपे हवय
हंसा के पंख नोचथे घुघवा बड़े बड़े।
बिलई के भाग जाग गे सींका हा टूटगे
गोदाम मा पलत हवे मुसवा बड़े बड़े।
जाना सबो ला पार औ माँझी दिखे नही
पानी हवे उफान मा नरवा बड़े बड़े।
चद्दर बिछाय हे फटे ओढ़े अकास ला
शेखी गड़ात हे इहाँ मड़वा बड़े बड़े।
साँसा के नार हा जरे आगी धरे सुरुज
काटत हवे विकास हा रुखवा बड़े बड़े।
संगी नही हे सत्य के जिभिया कटाय हे
शक्कर धरे ये झूठ के मितवा बड़े बड़े।
आशा देशमुख
एनटीपीसी जमनीपाली कोरबा
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Friday, 4 September 2020
ग़ज़ल -आशा देशमुख*
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गजल
गजल 2122 2122 2122 पूस के आसाढ़ सँग गठजोड़ होगे। दुःख के अउ उपरहा दू गोड़ होगे। वोट देके कोन ला जनता जितावैं। झूठ बोले के इहाँ बस होड़ होगे। खा...
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गजल बहरे हज़ज मुसम्मन अख़रब मक़्फूफ़ मक़्फूफ़ मुख़न्नक सालिम मफ़ऊल मुफ़ाईलुन मफ़ऊल मुफ़ाईलुन 221 1222 221 1222 रेंगत हे गलत रस्ता इंस...
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गजल 2122 2122 2122 पूस के आसाढ़ सँग गठजोड़ होगे। दुःख के अउ उपरहा दू गोड़ होगे। वोट देके कोन ला जनता जितावैं। झूठ बोले के इहाँ बस होड़ होगे। खा...
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🌹 ग़ज़ल -आशा देशमुख 🌹 *बहरे रमल मुसम्मन मशकूल सालिम मज़ाइफ़ [दोगुन]* *फ़यलात फ़ाइलातुन फ़यलात फ़ाइलातुन* *1121 2122 1121 2122* वो लगाय नेकी...
सादर आभार भाई
ReplyDeleteखजाना में ग़ज़ल ल स्थान दे बर
सुग्घर रचे हव दीदी बधाई।
ReplyDeleteनानुक छेदाय ह बे बहर लागत हे।